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परीक्षा और प्रशासन
परीक्षा
महालेखा नियंत्रक किसी कर्मचारी की पदोन्नति और पदों पर बनाए रखने के लिए, उसकी उपयुक्तता के आंकलन के उÿñश्य से विभिन्न परीक्षाओं का आयोजन करता है। आयोजित की जाने वाली परीक्षाएंं इस प्रकार हैः
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कनिष्ठ लेखा अधिकारी (जेएओ) के रूप में पदोन्नति की उपयुक्तता का आंकलन करने के लिए कनिष्ठ लेखा अधिकारी परीक्षा (सिविल)।
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दिल्ली प्रशासन, मंत्रिमंडल सचिवालय और अंडमान और निकोबार द्वीपसमूह के स्टाफ के लिए कनिष्ठ लेखा अधिकारी (सामान्य) परीक्षा।
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पद पर बने रहने के लिए उपयुक्तता का निर्णय लेने के लिए लेखाकारों के लिए विभागीय पुष्टि परीक्षा।
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अवर श्रेणी लिपिकों की लेखाकार के रूप में प्रोन्नति के लिए सीमित प्रतियोगी परीक्षा।
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समूह ‘घ’ (मैट्रिक) की अवर श्रेणी लिपिक के रूप में प्रोन्नति के लिए सीमित प्रतियोगी परीक्षा।
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समूह ‘घ’ (गैर मैट्रिक) की अवर श्रेणी लिपिक के रूप में प्रोन्नति के लिए विभागीय अर्हक परीक्षा।
प्रशासन
भारतीय सिविल लेखा सेवा के समूह ‘क’ अधिकारियों का काडर प्रबंधन का कार्य महालेखा नियंत्रक के पास है। यह भारतीय सिविल लेखा सेवा अधिकारियों का कार्मिक प्रबंधन का सम्पूर्ण कार्य जिसमें उनकी भर्ती, स्थानांतरण, प्रोन्नति, प्रशिक्षण, देश और विदेश दोनों में, और काडर संख्याबल की आवधिक समीक्षा और वितरण शामिल है, को कवर करता है।
संबंधित मुख्य नियंत्रक/लेखा नियंत्रक विभिन्न सिविल लेखा इकाइयों के समूह ‘ग’ और ‘घ’ स्टाफ को नियंत्रित करता है। तथापि, प्रभावी प्रोन्नति के लिए इन ग्रेड़ों के अंतर्गत सभी कर्मचारियों की संयुक्त वरीयता सूची महालेखा नियंत्रक द्वारा बनाई जाती है।
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